11/12/2011

'मुलायम' के नाम खुली चिट्ठी ;
(जौनपुर के आम अवाम की आवाज)
केराकत में जो टिकट बदला गया है क्या वह जनता की मांग पर बदला है या और कुछ कारन है !
(जौनपुर की केरकात, सुरक्षित विधान सभा में 'पूर्व विधायक सोमारू राम के पुत्र संजय कुमार सरोज' जिन्हें पहले लाट में सपा का टिकट मिला पर उसे काटकर ''गुलाब चन्द सरोज'' को दे दिया गया जो की जौनपुर की कलेक्ट्रेट में असलहा बाबू के पद पर तैनात है. किन परिस्थितियों में इन्हें उक्त क्षेत्र से टिकट दे दिया गया है यही एक बड़ा सवाल खड़ा करता है )
इसके जवाब में जब कुछ लोगों से जाना गया तो उन्होंने नाम  न देने के नाम पर जो कहा है वह यथावत दिया जा रहा है  -
१.आजकल मुलायम सिंह की स्मरण शक्ति कमजोर हो गयी है, उन्हें राजनैतिक समझ के अलावां जाने क्या क्या सूझ रहा है जिससे जिले की समाजवादी सोच वाली राजनैतिक शक्ति कमजोर पड़ती जा रही है. जिसके पीछे जिले के समाजवादी पार्टी के कथित अध्यक्ष 'पारसनाथ यादव' की मंडली का महत्वपूर्ण योगदान माना  जा रहा है.
२.पारसनाथ यादव की ठेकेदारी की प्रवृति और लूट खसोट की नियति ही राजनैतिक सामर्थ्य के रूप में उभरी है जिसके नमूने का यह परिणाम है. ''असलहा बाबू का टिकट''.
३. जिले की सामर्थ्य का प्रतिनिधित्व अब चोर उचक्के और 'भ्रष्ट कर्मचारी करेंगे'. यह फैसला उत्तर प्रदेश की समाजवादी पार्टी क्या अपनी छवि सुधारने की कोशिस के लिए कर रही है या सर्वनाश. सर्वनाश के इस महासंग्राम में क्या यह तूफ़ान ! तूफानी राम  सांसद के सौजन्य से आया है तो क्या अध्यक्ष के रूप में पारसनाथ का प्रभाव कहीं घट तो नहीं गया  है.
४.बताते हैं की यह टिकट रु.१००००००(दस लाख) में बेचा गया है ! यह टिकट किसने बेचा है शायद नेता जी भी न जानते हों पर कुछ अनुमान है की जिले में ही इसकी खरीद फरोख्त हुयी है तो स्वाभाविक है, अध्यक्ष का हाथ भी हो.
५.लोगों का यह भी मानना है की इस बदलाव से साफ़ हो गया है की  'कार्यकर्त्ता' को टिकट नहीं मिलेगा, जिस जिले से समाजवादी पार्टी ८० % से ज्यादा सीटें जितने वाली पार्टी रही है वहीँ कहीं उसका सूपड़ा न साफ हो जाय!
नेता जी आप यदि समय रहते इस प्रकार के अध्यक्षों, भ्रष्ट ठेकेदारों, अपढ़ों को निरंतर घूसखोरी कर राजनीती के मायने बदलने वालों का ठेका नहीं तोड़ते हैं तो 'जिले की जनता इस ठेकेदारी को बर्दास्त नहीं करेगी.
जहाँ 'लोहिया' ने हिम्मत न जुटायी हो चुनाव लड़ने की, जहाँ की जनता ने पंडित दीन दयाल उपाध्याय  को अपने प्रखर व् प्रबुद्ध राजनेता स्वर्गीय श्री राजदेव सिंह (सांसद कांग्रेस पार्टी) के सामने नकार दी हो वहां की जनता अब किसका बरन करे यह संकट उसके सामने आज के सारे राजनैतिक दल अपनी अपनी प्रत्याशिता से पैदा कर रहे हैं.क्या अब जौनपुर में राजनितिक प्रतिभा का टोटा पड़ गया है!
(यह आवाज़ एक की नहीं जिले के आम अवाम की है इस पर गौर करें)
जौनपुर के अध्यक्ष का बयान और खुद को टिकट -
यही है असली 'समाजवाद'

कार्यकर्ताओं के बल पर चुनाव में मिल सकती है जीत

Story Update : Tuesday, December 13, 2011    12:01 AM
जौनपुर। समाजवादी पार्टी की कार्यालय में हुई बैठक में जिलाध्यक्ष पारसनाथ यादव ने कहा कि कार्यकर्ताओं के बल पर ही चुनाव में जीत मिल सकती है। कार्यकर्ताओं को अनुशासन में रहकर राष्टीय नेतृत्व में विश्वास रख कार्य करना चाहिए। उन्होंने बसपा पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी की लड़ाई ऐसी पार्टी से है कि जो सत्ता में काबिज होकर सूबे में जंगलराज कायम कर दी है। बसपा के मंत्री, विधायक और सांसद जघन्य अपराधों में लिप्त है। आलम यह कि जनता में भय है। जिलाध्यक्ष ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा। कार्यकर्ताओं से निर्भिकता के साथ करने को कहा। इस दौरान पूर्व विधायक लाल बहादुर यादव, श्रद्धा यादव, यशवंत यादव, विक्रम मौर्य, राजनाथ यादव, डा. शकील अहमद, राजबहादुर यादव, रामपति यादव, अवधेश पटेल, नीरज पहलवान, सुशील चंद्र दुबे, दीपक सिंह मांटो, अजय कुमार मौर्य, सुरेंद्र प्रताप यादव, गौरीशंकर यादव, डा. बृजेश सिंह, डा. आशा मिश्रा, पूनम मौर्या, राफिया खातून, डा. शबनम नाज, लालचंद यादव लाले, गुलाब सरोज, संजय सरोज, मेवालाल, अरविंद्र कुमार बैंकर, हाफिज शाह, अरशद कुरैशी, अनवारुल हक, मजीद खां, आरिफ हबीब, जितेंद्र सिंह, बबलू, तिलकधारी निषाद, वासुदेव यादव, विजय सोनकर, इकबाल अहमद, विस्मिल् ला वारसी, भाईजी, सत्य नारायण चौहान, जगदीश शर्मा, अरविंद्र प्रजापति आदि लोग मौजूद रहे। संचालन मेहदी रजा एडवोकेट ने किया।

अनुशासित कार्यकर्ता ही पार्टी की पूंजी

Dec 12, 05:57 pm
जौनपुर: समाजवादी पार्टी की बैठक सोमवार को जिला कार्यालय पर जिलाध्यक्ष पारसनाथ यादव की अध्यक्षता में हुई।
अध्यक्षीय उद्बोधन में श्री यादव ने कहा कि कार्यकर्ता के बलबूते विधान सभा का चुनाव जीता जा सकता है। कार्यकर्ताओं को अनुशासन में रहकर राष्ट्रीय नेतृत्व में विश्वास करके काम करना चाहिए। हमारी लड़ाई एक ऐसी तानाशाही एवं भ्रष्ट सरकार से है जिसने प्रदेश में जंगल राज कायम कर रखा है। श्री यादव ने कहा कि बसपा के मंत्री, सांसद एवं विधायक जघन्य अपराधों को कर रहे हैं जिससे प्रदेश में भय व्याप्त है। वहीं दूसरी तरफ केंद्र की कांग्रेस सरकार की गलत नीतियों के कारण महंगाई एवं आतंकवाद चरमोत्कर्ष पर है। मात्र उसका युवराज जनता को गुमराह करने का काम प्रदेश में कर रहा है। ऐसे में हमारे कार्यकर्ता निर्भीकता के साथ अपने-अपने सेक्टर एवं बूथों को सच्चे मन से संभाल लें तो मिशन 2012 सफल हो जाएगा।
बैठक में लाल बहादुर यादव, श्रद्धा यादव, यशवन्त यादव, राजनाथ यादव, डा.शकील अहमद, राज बहादुर यादव, रमापति यादव, डा.बृजेश सिंह, पूनम मौर्या, लालचन्द लाले, गुलाब सरोज, मेवालाल यादव आदि मौजूद रहे। संचालन मेहदी रजा जिला महासचिव ने किया।



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(अपने तो भयभीत हैं कार्यकर्ताओं को निडर होकर कार्य करने का उपदेश दे रहे हैं)

प्रतिक्रिया -
अखबारों से 
(दैनिक जागरण )
खेमों में बटे सपाई हुए आमने-सामने
Dec 13, 10:50 pm
चंदवक/केराकत (जौनपुर): केराकत सुरक्षित विधानसभा क्षेत्र से सपा द्वारा प्रत्याशी बदले जाने के बाद पार्टी का अ‌र्न्तकलह मंगलवार को खुलकर सामने आया। नये प्रत्याशी के रूप में घोषित गुलाब सरोज समर्थकों सहित जुलूस की शक्ल में क्षेत्र भ्रमण पर निकले थे जो पूर्व में घोषित संजय समर्थकों को नागवार लगा।
जानकारी के मुताबिक गुलाब बाबू समर्थकों सहित जैसे ही चंदवक चौराहे पर पहुंचे वहां संजय समर्थकों से उनका आमना-सामना हो गया और उसी समय जमकर शुरू हुई नारेबाजी हाथापाई में तब्दील हो गयी। इन दोनों पक्षों को अलग-थलग करने के लिए पुलिस को खासी मशक्कत भी करनी पड़ी। हालांकि गुलाब विरोध जता रहे लोगों को समझाने-बुझाने में ही तल्लीन रहे।
जब सपा प्रत्याशी का काफिला गाजीपुर रोड पर पतरहीं की तरफ निकला उसी समय जुलूस के पीछे चल रही बोलेरो को विरोधी पक्ष ने रोक लिया। ड्राइवर रमेश के अलावा उसमें सवार आतीम, मुन्ना यादव, शोभनाथ की पिटाई की वहीं वाहन का शीशा भी तोड़ डाला गया। समर्थकों व विरोधियों के बीच हंगामे के चलते वाराणसी-आजमगढ़ व गाजीपुर मार्ग आधे घंटे तक अवरुद्ध रहा।
(अमर उजाला से)

जुलूस को लेकर सपा के दो गुट भिड़े

Story Update : Wednesday, December 14, 2011    12:01 AM
डोभी। केराकत विधानसभा के सपा के पूर्व और वर्तमान प्रत्याशी के समर्थक मंगलवार को भिड़ गए। प्रत्याशी के समर्थन में निकाले जा रहे जुलूस को रोकने पर दोनों पक्ष में तीखी नोकझोंक हुई। पूर्व प्रत्याशी के समर्थकों ने जुलूस में शामिल बोलेरो के शीशे चकनाचूर कर दिए। बोलेरो में बैठे एक युवक को बाहर खींच कर पीटा भी। पुलिस के पहुंचने से पहले हंगामा कर रहे कार्यकर्ता जा चुके थे। पुलिस ने मारपीट के बाद अपनी ओर से तीन नामजद और पचास अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर लिया है।
केराकत विधानसभा के सपा प्रत्याशी गुलाब चंद के समर्थक चंदवक, पतरही, खुज्झी मोड़, केराकत, बजरंग नगर में जुलूस के रूप में निकले थे। रतनूपुर, मोड़ैला होते हुए जुलूस चंदवक चौराहे पर पहुंचा। जुलूस की भनक लगते ही पूर्व प्रत्याशी संजय सरोज के समर्थक चौराहे पर पहुंचकर गुलाब चंद के खिलाफ नारेबाजी करते हुए बीच सड़क पर लेट गए और जुलूस आगे बढ़ने से रोक दिया। मामले की जानकारी होते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। दोनों पक्ष को समझाकर सड़क पर बैठे कार्यकर्ताओं को पुलिस ने उठाया। जुलूस पतरही की तरफ बढ़ा था कि चौराहे से करीब पांच सौ मीटर दूर संजय सरोज के समर्थक पीछे से पहुंच गए। भीड़ ने जुलूस में शामिल वाहनों में सबसे पीछे चल रही एक बोलेरो पर ईंट, पत्थर फेंक सामने और बगल का शीशा चकनाचूर कर दिया। बोलेरो में बैठे गुलाब चंद के समर्थक ों ने आसिफ अहमद को बाहर खींच कर लात, घूसों से पीटा। मामले की जानकारी होने पर चंदवक थानेदार रमेश पांडेय के पहुंचने से पहले ही हंगामा करने वाले लोग भाग निकले। वहीं संजय सरोज का कहना है कि हंगामा करने वाले लोग उनके समर्थक नहीं है। इस मामले से मेरा कुछ लेना देना नहीं है। टिकट कटने से कुछ लोगों को ठेस पहुंची होगी वही लोग विरोध कर रहे हैं। पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग जाम करने के आरोप में राज कुमार सरोज, शिव बदन यादव, दिलीप सिंह समेत पचास अज्ञात को लोगों के खिलाफ धारा 143, 343 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने बताया कि राज कुमार सरोज सपा नेता संजय सरोज के साले हैं।

दूसरे दिन भी विरोध, पुतले फूंके गए

Story Update : Tuesday, December 13, 2011    12:01 AM
जौनपुर। संजय सरोज का टिकट कटने के बाद विरोध के स्वर थमने के नाम नहीं ले रहे हैं। दूसरे दिन भी लोगों ने इटैली और मुफ्तीगंज बाजार में जुलूस निकालकर पुतला फूंका। यहां तीखी नारेबाजी की गई।
टिकट में फेरबदल के बाद संजय सरोज के समर्थकों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा है। मुफ्तीगंज के इटौली बाजार में जुलूस निकाला गया और पुतला दहन किया गया। इस दौरान नन्हकू यादव, दीपक सिंह, गोरखनाथ, प्रभात सिंह, राज कुमार सरोज, रियाज अहमद, राम बचन राम, अखिलेश यादव, संजय सिंह, अजय सिंह, राजेश निषाद, सुनील सोनकर, दिनेश कनौजिया, रितेश सिंह, ज्ञान प्रकाश, अतुल सिंह, रतन सिंह, चंद्रजीत सरोज, पन् ना लाल सरोज, राम अवध सरोज, झन्ना लाल सरोज, छविराज यादव, प्रकाश चंद्र यादव, महेश आदि लोग रहे।

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